राष्ट्रीय (दैनिक कर्मभूमि) राजापुर, चित्रकूट: राजापुर तहसील अंतर्गत ग्राम बेराऊर के प्रहलाद कुटीर में जनकाल्याणार्थ श्रीमद्भागवत कथा मे आचार्य अरविंद शुक्ला द्वारा श्रीमद्भागवत कथा के सातवें दिन राजा परीक्षित तथा कलयुग संवाद का वर्णन करते हुए बताया कि राजा परीक्षित के द्वारा 4 स्थानों में निवास करने के लिए कहा गया था। जुआ अड्डा, मधुशाला, वेश्यालय तथा सोने में निवास करने की इजाजत मिलने के बाद सत्यवादी राजा परीक्षित की मतिभ्रम हो गई। इसी कारण श्राप मुक्ति पाने के लिए श्रीमद् भागवत कथा का श्रवण किया था। राष्ट्र कल्याणार्थ महामारी विनाशक श्रीमद्भागवत कथा में यजमान लाल बहादुर सिंह, कमला देवी सिंह हैं।
कथा के सातवें दिन कथाव्यास ने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा श्रवण करने से मानव जीवन के संपूर्ण पाप नष्ट हो जाते हैं और वह भक्त साकेत धाम का गामी होता है। जिसके श्रवण मात्र से दैहिक, दैविक व भौतिक तीनों प्रकार के सन्ताप नष्ट हो जाते है। श्रीमद्भागवत कथा का महत्व बताते हुए कहा राजा परीक्षित अपने मोक्ष के लिए श्रीमद् भागवत कथा पुराण को श्रवण कर मोक्ष प्राप्त किया था। श्रीमद्भागवत कथा भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीला व सुदामा चरित्र से लेकर द्वारिकापुरी तक की तमाम लीलाओं का वर्णन आता है। श्रीमद्भागवत कथा में नाम शब्द की महिमा का वर्णन करते हुए कहा कि कलयुग केवल नाम अधारा नाम लेने से बड़े बड़े पापियों का मोक्ष हुआ है। तीनों युगों में जप तप यज्ञ करने के बाद ही भगवान के दर्शन हुआ करते थे, लेकिन कलयुग में नाम सत्संग को प्रथम भक्ति बताते हुए कहा कि सत्संग के माध्यम से भगवान श्रीकृष्ण, मातारानी राधिका के नामों का वर्णन होता है और उन्हीं नामों को सुनकर अपने मनमानस में बैठाकर उनके चित्त स्वरूप का ध्यान करें तो निश्चित ही भगवान के दर्शन हो सकते हैं तथा श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान वैराग्य को जागृत करने का एक बहुत बड़ा साधन है तथा श्रीमद्भागवत पुराण एक कल्पवृक्ष के समान है, इस कथा को श्रवण करने से सम्पूर्ण पापों को नष्ट करते हुए मोक्ष की प्राप्ति होती है।
इस मौके केदार पांडेय, फूलचंद पांडेय, श्याम पांडेय, राहुल सिंह, इंद्र बहादुर सिंह, कमलेश कुमार पांडेय, विनय सिंह, पुष्पराज सिंह, रामकिशोर पांडेय, शिव शंकर सिंह, प्रदीप सिंह, सनी सिंह, रवि सिंह, सोनू सिंह, अमित सिंह, शिवचरण, मुन्नी राम, बद्री प्रसाद पांडेय, चंद्रभान सिंह, विपिन सिंह, अरुण सिंह, राहुल सिंह आदि भक्त मौजूद रहे।
*ब्यूरो रिपोर्ट* अश्विनी कुमार श्रीवास्तव
*जनपद* चित्रकूट
You must be logged in to post a comment.