चित्रकूट में ‘सेटिंग’ का खेल? भरतकूप थाने के इर्द-गिर्द दलालों की सक्रियता से उठे सवाल ?

उत्तर प्रदेश राष्ट्रीय (दैनिक कर्मभूमि) चित्रकूट। जिले के भरतकूप थाना क्षेत्र में कथित तौर पर दलालों के सक्रिय होने की चर्चा तेज हो गई है। सूत्रों के हवाले से दावा किया जा रहा है कि थाने के आसपास ‘सेटिंग’ का खेल चल रहा है, जिसमें एक झोला-छाप डॉक्टर की भूमिका भी सामने आ रही है। हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

सूत्र बताते हैं कि एक कथित झोला-छाप डॉक्टर अपना क्लीनिक छोड़कर फरियादियों और कुछ जिम्मेदार लोगों के बीच मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है। आरोप है कि यह व्यक्ति मामलों में ‘सेटिंग’ कराने का काम करता है। इतना ही नहीं, मुंसियाना का काम देखने वाले एक दीवान को अपने मकान पर किराए का कमरा भी दे रखा है, जहां कथित रूप से फरियादियों की आवाजाही बनी रहती है।

स्थानीय चर्चाओं के मुताबिक आधे से ज्यादा फरियादी सीधे थाने के बजाय पहले दीवान के कमरे पर पहुंचते हैं। आरोप है कि वहां से मामलों की ‘अगुवाई’ की जाती है। इससे पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।

गौरतलब है कि नव-निर्मित थाना परिसर में पुलिस कर्मियों के रहने के लिए पर्याप्त कमरों की व्यवस्था बताई जाती है। इसके बावजूद यदि कोई कर्मचारी बाहर निजी स्थान पर बैठकर कार्य करता है, तो यह गंभीर विषय माना जा रहा है। हालांकि इस पूरे मामले में थाना प्रभारी की जानकारी या भूमिका को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है।

फिलहाल इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है। यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो यह कानून व्यवस्था और पुलिस की साख दोनों के लिए चुनौती बन सकता है।

रिपोर्ट,ठाकुर पंकज सिंह राणा
जनपद,चित्रकूट