आॅनर किलिंग के मामले में मृतका के ताऊ को आजीवन कारावास की सजा

राष्ट्रीय (दैनिक कर्मभूमि) उत्तर प्रदेश चित्रकूट। शादी तय होने के बाद भी गांव के प्रेमी युवक के साथ भागने की घटना के बाद हुई आॅनर किलिंग के मामले में दोष सिद्ध होने पर जनपद न्यायाधीश विष्णु कुमार शर्मा ने हत्यारोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथी ही 13000 रूपए के अर्थदण्ड से भी दंडित किया है।

जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी श्याम सुंदर मिश्रा ने बताया कि 31 जनवरी 2020 को ओरा गांव के निवासी गया प्रसाद पुत्र दर्शन ने पहाड़ी थाने में अपने बड़े भाई चुन्नू पुत्र दर्शन के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराई थी। वादी के अनुसार उसने अपनी बेटी आशा उर्फ निराशा देवी की शादी विजयीपुर खागा फतेहपुर में तय की थी, लेकिन निराशा वहां शादी नहीं करना चाहती थी। इसके चलते वह गांव के ही एक युवक के साथ 26 जनवरी 2020 को भाग गई थी। जिसके बाद गया प्रसाद के भाई बड़े भाई चुन्नू ने निराशा को समझाने का प्रयास किया, किंतु जिद पर अड़े रहने के कारण चुन्नू ने 31 जनवरी 2020 को सबेरे घर में ही निराशा देवी को मौत के घाट उतार दिया। पुलिस ने इस मामले में रिपोर्ट दर्ज करने के बाद आरोपी को तमंचा समेत गिरफ्तार किया था। साथ ही न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया था।

बचाव और अभियोजन पक्ष के अधिवक्ताओं की दलीलें सुनने के बाद जनपद न्यायाधीश विष्णु कुमार शर्मा ने बुधवार को निर्णय सुनाया। जिसमें दोष सिद्ध होने पर मृतका के हत्यारोपी ताऊ चुन्नू को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 13000 रूपए के अर्थदण्ड से भी दंडित किया।

error: Content is protected !!