उत्तर प्रदेश राष्ट्रीय (दैनिक कर्मभूमि) कानपुर की वूमेन एंपावरमेंट वेलफेयर सोसाइटी ने अप्रैल 2026 में आईआईटी दिल्ली में आयोजित ‘अभ्युदय सम्मेलन में सक्रिय भागीदारी की। इस कार्यक्रम का विषय ‘एंडोजेनस सतत विकास के लिए राष्ट्रीय ढांचे की ओर’ रहा।संस्था की संस्थापक डॉ. प्रतिभा मिश्रा ने प्लास्टिक-मुक्त समाज और निर्मल गंगा के लिए संगठन द्वारा किए जा रहे जमीनी प्रयासों को विस्तार से प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि महिला स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से कपड़े के थैले तैयार किए जा रहे हैं, मंदिरों से निकलने वाले फूलों के कचरे का पुनर्चक्रण किया जा रहा है और घाटों पर सामुदायिक सफाई अभियान चलाए जा रहे हैं।उन्होंने जलवायु लचीलापन और स्थानीय अनुकूलन के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि ग्रामीण महिला समूह वर्षा जल संचयन, मिलेट्स को बढ़ावा देने और देशी वृक्षारोपण जैसे कार्यों में भी सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।सम्मेलन के दौरान डॉ. मिश्रा ने डीएसटी,सीएस आईआर और नालंदा विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों व शोधार्थियों के साथ संवाद किया। इस दौरान उन्होंने समुदाय आधारित रीसाइकिल-रीयूज़ नीतियों और चक्रीय अर्थव्यवस्था मॉडल को मजबूत करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
संवाददाता आकाश चौधरी कानपुर